img

गहन सामाजिक सन्देश वाली फिल्म ‘अस्सी’ सिनेमाघरों में चर्चा में

गहन सामाजिक सन्देश वाली फिल्म ‘अस्सी’ सिनेमाघरों में चर्चा में

तापसी पन्नू और कनी कुश्रुति की मुख्य भूमिकाओं वाली अनुभव सिन्हा निर्देशित फिल्म अस्सी 20 फ़रवरी 2026 को रिलीज़ हुई और यह फिल्म अपने सामाजिक संदेश, संवेदनशील विषय और सच्चाईपूर्ण प्रस्तुति के कारण रिलीज होते ही चर्चा में आ गई। फिल्म को एक कोर्टरूम ड्रामा के रूप में पेश किया गया है, जिसमें रेप पीड़ित महिलाओं के जीवन, उनके संघर्ष, न्याय व्यवस्था की कमज़ोरियों और समाज के रूढ़िवादी रवैये को पर्दे पर उतारा गया है। फिल्म की कहानी भारतीय समाज में महिलाओं के प्रति मौजूद कई जटिलताओं और उनके हक की लड़ाई को दर्शाती है।

अस्सी का नाम ही दर्शाता है कि भारत में हर रोज़ लगभग 80 यौन हमले की घटनाएँ होती हैं। फिल्म की शुरुआत में यह तथ्य प्रस्तुत किया गया है, जिससे दर्शक सीधे उस गंभीर सामाजिक समस्या से रूबरू होते हैं। कहानी एक स्कूल टीचर पर हुए गंभीर गैंगरेप की घटना के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसके बाद उसकी जीवन यात्रा और न्याय की खोज को बड़े संवेदनशील और वास्तविक ढंग से दिखाया गया है। इस यात्रा में यह साफ़ दिखाया गया है कि पीड़िता केवल अपराध की शिकार नहीं होती, बल्कि समाज और प्रशासन के कई स्तरों पर उसे न्याय पाने के लिए संघर्ष करना पड़ता है।

तापसी पन्नू ने फिल्म में एक वकील की भूमिका निभाई है, जो पीड़िता का केस लड़ती है। उनके किरदार ने न केवल अदालत में केस लड़ने का साहस दिखाया है, बल्कि समाज को आईना दिखाने का भी काम किया है। फिल्म के कई दृश्य दर्शकों के लिए सोचने पर मजबूर करने वाले हैं, खासकर जब न्यायपालिका की धीमी प्रक्रिया, सामाजिक पूर्वाग्रह और मीडिया की भूमिका को दिखाया गया है। वहीं, कनी कुश्रुति का किरदार भी कहानी में संवेदनशील और मजबूत महिला के रूप में सामने आता है, जो पीड़ित महिलाओं की भावनाओं को समझने और उनका समर्थन करने में सक्रिय रहती हैं।

फिल्म की सबसे बड़ी ताकत इसके सच्चाईपूर्ण चित्रण और सामाजिक संदेश हैं। इसमें दिखाया गया है कि कैसे पीड़ित महिलाओं को समाज में कई बार अलग-थलग कर दिया जाता है, और उन्हें न्याय पाने के लिए मानसिक और शारीरिक संघर्ष दोनों करना पड़ते हैं। फिल्म की पटकथा ने इसे अधिक प्रभावशाली बनाया है, क्योंकि यह केवल अपराध या न्याय की कहानी नहीं है, बल्कि यह समाज की मानसिकता और उस बदलाव की आवश्यकता पर भी प्रकाश डालती है। अनुभव सिन्हा ने फिल्म में संवेदनशील और ट्रिगरिंग विषयों को बड़े ही सावधानी से पेश किया है।

फिल्म में अभिनय की बात करें तो तापसी पन्नू ने अपनी भूमिका में गहराई और भावुकता का बेहतरीन प्रदर्शन किया है। उनकी प्रस्तुति दर्शकों को सीधे पीड़िता की भावनाओं से जोड़ देती है। वहीं, कनी कुश्रुति और अन्य सहायक कलाकारों ने भी अपने किरदारों को प्रभावशाली ढंग से निभाया है। फिल्म का निर्देशन और सिनेमेटोग्राफी इसे और भी वास्तविक बनाती है। कोर्टरूम की दृश्यावली, गंभीर संवाद और पात्रों की संवेदनशील प्रतिक्रिया दर्शकों को पूरी तरह कहानी में बांध देती है।

हालांकि फिल्म की कठिन और संवेदनशील सामग्री सभी के लिए आसान नहीं है, फिर भी समीक्षकों ने इसे ज़रूरी और प्रभावशाली बताया है। कुछ समीक्षकों ने कहानी के दूसरे भाग में गति और मजबूती की कमी की ओर भी ध्यान दिलाया है, लेकिन इसके बावजूद फिल्म का सामाजिक संदेश अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। फिल्म ने यह साबित किया है कि सिनेमा सिर्फ मनोरंजन का माध्यम नहीं है, बल्कि समाज में बदलाव और संवेदनशील मुद्दों पर जागरूकता फैलाने का भी एक शक्तिशाली जरिया हो सकता है।

कुल मिलाकर, अस्सी एक साहसिक, भावनात्मक और सामाजिक रूप से महत्वपूर्ण फिल्म है। यह न केवल रेप पीड़ित महिलाओं की वास्तविक समस्याओं को सामने लाती है, बल्कि दर्शकों को सोचने पर मजबूर करती है कि कैसे समाज और न्याय व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है। फिल्म के माध्यम से अनुभव सिन्हा ने यह संदेश देने की कोशिश की है कि न्याय और समानता सिर्फ कानूनी अधिकार नहीं हैं, बल्कि हर नागरिक की नैतिक जिम्मेदारी भी है कि वह पीड़ितों के हक में खड़ा हो।

यदि चाहो तो मैं इस फिल्म की कहानी, पात्र और कोर्टरूम सीन की और विस्तृत सिनॉप्सिस भी 800-1000 शब्दों में बना सकता हूँ, जिससे पूरी कहानी विस्तार से समझ में आए।

Read more
img

ग्वालियर फैक्ट्री संचालक का प्लॉट हड़पने का मामला

ग्वालियर फैक्ट्री संचालक का प्लॉट हड़पने का मामला

ग्वालियर एक फैक्ट्री संचालक को मृत बताकर उनके न्यू लोहा मंडी स्थित 62 लाख रूपए के प्लॉट का कुछ लोगों ने बयनामा करा दिया। इसके लिए उन्होंने फजी दस्तावेज तैयार करवाएं थे। जब संचालक को इस धोखेबाजी का पता चला तो वह हरियाणा से ग्वालियर आया। पुलिस को बताया कि वह तो जीवित है। जबकि उसे मृत बताकर कुछ लोगों ने उसका प्लॉट हड़प लिया है। पुलिस ने संचालक की शिकायत पर छह लोगों पर मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।

दरअसल फरियादी प्रेम कुमार पूर्व में ए-1 गाधी नगर में अपनी पत्नी और बच्चों के साथ रहते थे। उनकी एक फैक्ट्री यूनिवर्सल ओटो नाम से इण्डिल्ट्रीयल स्टेट विरला नगर में थी। जहां पर एसकर्ड को कम्पनी को राजदूत ओर्जीनल पार्टस् सप्ताई करता था। उनकी एक बेटी आरती कपूर पत्त्री सुनील कपूर के साथ लन्दन में रहती है। दूसरी बेटी विभूती ग्रोवर गुरुग्राम में निवास कर रही है। उनका एक प्लॉट ए-1, 23 जो कि ट्रांसपोर्ट नगर न्यू दाल बाजार नवीन लोहा मंडी यातायात नगर में है। जिसकी वर्तमान कीमत करीब 62 लाख 10 हजार रूपए है। इस प्लॉट पर सुभाषचन्द्र खुशीरमानी की नियत डोल गई। सुभाषचन्द ने फर्जी वसीयत और कूटरचित वसीयतनामा बना लिया। जिसे नोटरी गोविन्द भारद्वाज से सम्पादित कराया। जिस पर प्रेम कुमार को फोटो लगाकर अटेस्टेड करा लिया। उक्त वसीयतनामे पर सुभाष खुशीरमानी द्वारा हरीश कुमार निकासी सिकन्दर कम्पू लश्कर एवं हरीश कुमार निवासी तारागंज द्वारा एक राय होकर व सम्पत्ति हडप करने की नियत से उनका मृत्यु प्रमाण पत्र सहित कूटरचित दस्तावेज तैयार किए। जब प्रेमकुमार को पता चला तो विश्वविद्यालय थाने पहूचे ओर शिकायत पुलिस फरियादी की शिकायत पर
सुभाषचन्द खुशीरमानी, शकुन्तला खुशीरमानी, हरीश कुमार, हरीश कुमार,जगदीश कुशवाह, योगेश पाल, के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शरू कर दी हैं।

Read more
img

ग्वालियर में प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन: विकास और परंपरा का संगम

ग्वालियर में प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन: विकास और परंपरा का संगम

ग्वालियर जिले के कुलैथ गांव में **प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन** का भव्य आयोजन किया गया। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कृषि कल्याण वर्ष के पहले किसान सम्मेलन का शुभारंभ किया और किसानों को शुभकामनाएं दीं।  

सम्मेलन की प्रमुख झलकियाँ  
- मुख्यमंत्री ने मंच से लगभग **88 करोड़ रुपए की लागत वाले विकास कार्यों** का भूमि पूजन और लोकार्पण किया।  
- सरकारी योजनाओं के हितग्राहियों को मंच से हितलाभ वितरित किए गए।  
- मुख्यमंत्री ने रोड शो के माध्यम से किसानों और ग्रामीणों का अभिवादन किया।  
- मंच से उन्होंने **कृषि क्षेत्र से जुड़े पारंपरिक खेलों** जैसे बैलगाड़ी दौड़, घोड़ी दौड़ और नाल उठाने की प्रतियोगिताओं का आनंद लिया।  
- सांस्कृतिक कार्यक्रमों में कन्हैया लोकगीत की प्रस्तुति ने माहौल को और जीवंत बना दिया।  

मुख्यमंत्री की घोषणाएँ  
किसान सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएँ कीं:  
- किसानों के लिए **1 लाख करोड़ से अधिक की सौगात** बजट में दी गई।  
- दूध उत्पादन को 9% से बढ़ाकर 20% करने का लक्ष्य रखा गया।  
- आठवीं तक के बच्चों को दूध उपलब्ध कराने की योजना।  
- किसानों को भू अधिकार पट्टे की रजिस्ट्री का खर्च सरकार वहन करेगी।  
- सोलर पंप का प्रावधान किसानों के लिए किया गया।  
- 25 से 200 गौमाता तक डेयरी कार्य करने वाले किसानों को 10 लाख की सहायता।  
- लाडली बहनों के लिए बजट में 23 हजार करोड़ की राशि का प्रावधान।  

क्षेत्रीय मांगों पर घोषणाएँ  
मुख्यमंत्री ने कुलैथ और आसपास के क्षेत्र की मांगों को भी मंजूरी दी:  
- महेश्वरा पत्थर खदान को चालू कराने के लिए भारत सरकार से बात की जाएगी।  
- डांडे बाबा मंदिर तक सड़क और बिजली ट्रांसफर लगाया जाएगा।  
- भगवान जगन्नाथ धाम मंदिर में ठहरने के लिए भवन और सड़क का निर्माण।  
- कुलैथ में खेलने के लिए मैदान का निर्माण।  
- कुलैथ क्षेत्र में उद्योग लगाने की घोषणा।  
- प्रत्येक कन्हैया टीम को 5 हजार रुपए और बैलगाड़ी टीमों को 21 व 11 हजार रुपए की राशि देने की घोषणा।  

सांस्कृतिक और सामाजिक महत्व  
यह आयोजन केवल किसान सम्मेलन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि ग्रामीण संस्कृति और परंपरा का उत्सव भी बना। विकास कार्यों की घोषणाओं के साथ-साथ पारंपरिक खेलों और लोकगीतों ने ग्रामीण जीवन की झलक प्रस्तुत की।  

Read more
img

घूसखोर पंडित फिल्म विवाद: सुप्रीम कोर्ट ने नाम बदलने का आदेश दिया

घूसखोर पंडित फिल्म विवाद: सुप्रीम कोर्ट ने नाम बदलने का आदेश दिया

"घूसखोर पंडित" नामक फिल्म को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। फिल्म के शीर्षक पर आपत्ति जताई गई कि यह किसी विशेष वर्ग को बदनाम करता है और समाज में गलत संदेश देता है। मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा, जहां याचिकाकर्ताओं ने दलील दी कि इस तरह का नाम धार्मिक भावनाओं को आहत करता है और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ सकता है।  

सुप्रीम कोर्ट का आदेश  
सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया कि किसी भी फिल्म का शीर्षक ऐसा नहीं होना चाहिए जो किसी वर्ग, समुदाय या पेशे को बदनाम करे। अदालत ने फिल्म निर्माताओं को निर्देश दिया कि वे नया नाम सुझाएँ और उसी के बाद फिल्म रिलीज की अनुमति दी जाएगी।  

अदालत की टिप्पणी  
- कोर्ट ने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मतलब यह नहीं है कि किसी वर्ग को अपमानित किया जाए।  
- फिल्में समाज पर गहरा असर डालती हैं, इसलिए निर्माताओं को जिम्मेदारी के साथ काम करना चाहिए।  
- नया नाम प्रस्तुत करने के बाद ही सेंसर बोर्ड फिल्म को पास करेगा।  

असर और प्रतिक्रियाएँ  
- फिल्म निर्माताओं ने कहा कि वे अदालत के आदेश का सम्मान करते हैं और जल्द ही नया नाम पेश करेंगे।  
- धार्मिक और सामाजिक संगठनों ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया है।  
- फिल्म इंडस्ट्री में भी यह चर्चा शुरू हो गई है कि शीर्षक चयन में अधिक संवेदनशीलता बरती जानी चाहिए।  
 

Read more
img

ग्वालियर में महाशिवरात्रि की तैयारियाँ: अचलेश्वर महादेव मंदिर में भक्तों की सुरक्षा और व्यवस्था पर जोर

ग्वालियर में महाशिवरात्रि की तैयारियाँ: अचलेश्वर महादेव मंदिर में भक्तों की सुरक्षा और व्यवस्था पर जोर

रविवार, 15 फरवरी को देशभर के साथ ग्वालियर में भी महाशिवरात्रि पर्व पूरे श्रद्धा और आस्था के साथ मनाया जाएगा। इस अवसर पर अचलेश्वर महादेव मंदिर में हजारों भक्तों के आने की संभावना है।  

प्रशासनिक व्यवस्था  
भक्तों को भगवान के दर्शन सुचारू रूप से हो सकें, इसके लिए प्रशासन ने विशेष तैयारियाँ की हैं।  
- 14 फरवरी की रात से ही पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मंदिर परिसर में तैनात रहेंगे।  
- मंदिर प्रबंध समिति ने 90 वालेंटियर नियुक्त किए हैं, जो मंदिर में व्यवस्थाओं को संभालेंगे।  
- इस बार मंदिर के आसपास डीजे पर प्रतिबंध रहेगा ताकि धार्मिक माहौल शांतिपूर्ण बना रहे।  
- भक्त कतारबद्ध होकर मंदिर में प्रवेश करेंगे और दर्शन करेंगे।  

प्रसाद वितरण और मांगें  
अचलेश्वर मंदिर न्यास ने मंदिर के आसपास प्रसाद वितरण की पूर्व व्यवस्था बनाए रखने की मांग की है। इस संबंध में न्यास के सदस्य महेंद्र भदकारिया ने सीएसपी रोबिन जैन को अवगत कराया।  

पुलिस का आश्वासन  
सीएसपी रोबिन जैन ने कहा कि प्रशासन का प्रयास रहेगा कि महाशिवरात्रि महापर्व पर आने वाले सभी भक्त बिना किसी व्यवधान के भगवान के दर्शन कर सकें। इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।  

Read more
img

भारत का बड़ा ऊर्जा फैसला: अब रूस नहीं, अमेरिका से खरीदेगा ज्यादा तेल

भारत का बड़ा ऊर्जा फैसला: अब रूस नहीं, अमेरिका से खरीदेगा ज्यादा तेल

भारत ने हाल ही में अमेरिका के साथ हुए नए ट्रेड डील के बाद तेल आयात नीति में बड़ा बदलाव किया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की कि भारत ने रूस से तेल खरीदना बंद करने और अमेरिका से अधिक क्रूड ऑयल आयात करने पर सहमति जताई है। यह फैसला लंबे समय से चले आ रहे व्यापारिक दबाव और टैरिफ विवादों के बाद लिया गया है।  

पृष्ठभूमि  
- अमेरिका ने रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद लगातार भारत पर दबाव बनाया था कि वह रूस से तेल खरीदना बंद करे।  
- नई ट्रेड डील के तहत भारत को अमेरिकी बाजार में निर्यात पर टैरिफ में छूट मिलेगी, जिससे वस्त्र और ज्वेलरी जैसे सेक्टर को बड़ा फायदा होगा।  
- हालांकि भारत ने आधिकारिक तौर पर रूस से तेल खरीद बंद करने की पुष्टि नहीं की है। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि इस पर अंतिम बयान विदेश मंत्रालय देगा।  

आर्थिक असर  
- अमेरिकी क्रूड ऑयल आयात बढ़ने से भारत की ऊर्जा आपूर्ति पर असर पड़ेगा, क्योंकि रूस से मिलने वाला तेल अपेक्षाकृत सस्ता था।  
- मूडीज़ ने चेतावनी दी है कि अचानक रूसी तेल आयात बंद करने से भारत की आर्थिक वृद्धि पर दबाव पड़ सकता है और महंगाई बढ़ सकती है।  
- दूसरी ओर, अमेरिकी बाजार में भारतीय निर्यात को बढ़ावा मिलेगा, जिससे व्यापार संतुलन में सुधार की संभावना है।  

राजनीतिक महत्व  
यह फैसला भारत-अमेरिका संबंधों को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। अमेरिका इसे रणनीतिक जीत के रूप में देख रहा है, जबकि भारत इसे व्यापारिक लाभ और वैश्विक दबाव के बीच संतुलन बनाने की कोशिश के रूप में पेश कर रहा है।  

यह भारत की ऊर्जा नीति और अंतरराष्ट्रीय व्यापार संबंधों में बड़ा बदलाव दर्शाती है। एक ओर यह अमेरिका के साथ रिश्तों को मजबूत करती है, वहीं दूसरी ओर रूस से दूरी बनाने के चलते भारत को आर्थिक चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।  
 

Read more
img

ग्वालियर में नाबालिग की आत्महत्या: मां के प्रेमी की प्रताड़ना से तंग आकर उठाया खौफनाक कदम

ग्वालियर में नाबालिग की आत्महत्या: मां के प्रेमी की प्रताड़ना से तंग आकर उठाया खौफनाक कदम

ग्वालियर के बहोड़ापुर थाना क्षेत्र के मानपुर मल्टी में 21 सितंबर 2025 को एक दर्दनाक घटना सामने आई। 15 वर्षीय सोनम जाटव ने मां के प्रेमी द्वारा लगातार प्रताड़ना और मारपीट से तंग आकर तेजाब पी लिया। उसकी तबीयत बिगड़ने पर परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने बताया कि उसने तेजाब का सेवन किया है।
पुलिस और तहसीलदार मौके पर पहुंचे और नाबालिग से बयान दर्ज किए। सोनम ने बताया कि हसनपुरा बिजौली निवासी अनिल जाटव उसे लंबे समय से प्रताड़ित कर रहा था, जिससे तंग आकर उसने यह कदम उठाया। इलाज के दौरान सोनम ने दम तोड़ दिया।
पुलिस कार्रवाई
सोनम के मरणासन्न बयान और जांच के आधार पर पुलिस ने आरोपी अनिल जाटव के खिलाफ आत्महत्या के लिए प्रेरित करने का मामला दर्ज किया। आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने बिजौली में दबिश दी, लेकिन वह वहां से फरार हो गया। बाद में सूचना मिली कि वह टीपी नगर में छिपा हुआ है। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी।
पारिवारिक पृष्ठभूमि
जानकारी के अनुसार, मृतका की मां का विवाह पहले छिंदवाड़ा निवासी एक युवक से हुआ था और उसके दो बच्चे भी थे। बाद में उसने पति को छोड़ दिया और अनिल जाटव के साथ प्रेम संबंध में रहने लगी। इसी दौरान सोनम को अनिल की प्रताड़ना का सामना करना पड़ा, जो अंततः उसकी मौत का कारण बनी।

यह घटना समाज में पारिवारिक रिश्तों और बच्चों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करती है। यह न केवल कानून व्यवस्था बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी का भी मुद्दा है, जहां नाबालिगों को सुरक्षित माहौल देना सबसे बड़ी प्राथमिकता होनी चाहिए।

Read more
img

'जनसंपर्क करें, रैलियां नहीं', बिहार में खराब प्रदर्शन के बीच दिग्विजय सिंह ने कांग्रेस को दी सलाह

'जनसंपर्क करें, रैलियां नहीं', बिहार में खराब प्रदर्शन के बीच दिग्विजय सिंह ने कांग्रेस को दी सलाह

महागठबंधन पिछड़ रहा है और उसे सिर्फ़ 39 सीटों पर बढ़त मिल रही है, जबकि राजद 29 सीटों पर आगे चल रही है। इस बीच, सत्तारूढ़ एनडीए 198 सीटों पर आगे चल रही है, जिसमें भाजपा सबसे बड़ी पार्टी है और दोपहर 1:20 बजे तक के चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार 90 सीटें जीत चुकी है।

बिहार चुनाव में कांग्रेस के निराशाजनक प्रदर्शन के बीच, सांसद दिग्विजय सिंह ने शुक्रवार को पार्टी से जनसभाओं के बजाय बूथ स्तर पर अपने संगठन पर "विशेष ध्यान" देने का आग्रह किया। एक पोस्ट शेयर करते हुए, दिग्विजय सिंह ने चुनावी धोखाधड़ी का भी आरोप लगाया और दावा किया कि एसआईआर प्रक्रिया के दौरान 62 लाख वोट काटे गए, 20 लाख वोट जोड़े गए, जिनमें से 5 लाख वोट बिना एसआईआर फॉर्म भरे डाले गए। उन्होंने लिखा, "मुझे जो शक था, वह सच हो गया। 62 लाख वोट काटे गए, 20 लाख वोट जोड़े गए, जिनमें से 5 लाख वोट बिना एसआईआर फॉर्म भरे डाले गए। काटे गए ज़्यादातर वोट गरीब, दलित और अल्पसंख्यक वर्ग के थे। इसके अलावा, ईवीएम पर भी संदेह बना हुआ है।"


इससे पहले बुधवार को, एग्जिट पोल में एनडीए की निर्णायक जीत दिखाई देने के बाद, दिग्विजय सिंह ने मतदाता सूची और ईवीएम में हेराफेरी का आरोप लगाया था। उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि जब मैं वहाँ गया था, तो मुकाबला बराबरी का था। अगर एनडीए 140 से ज़्यादा सीटों से जीतता है, तो यह हेराफेरी की गई मतदाता सूची और हेराफेरी की गई ईवीएम की वजह से होगा," । दोपहर 1:20 बजे के रुझानों के अनुसार, कांग्रेस सिर्फ़ पाँच सीटों पर सिमट गई है और उसकी वोटिंग दर बेहद कम यानी 8.3 प्रतिशत है।


महागठबंधन पिछड़ रहा है और उसे सिर्फ़ 39 सीटों पर बढ़त मिल रही है, जबकि राजद 29 सीटों पर आगे चल रही है। इस बीच, सत्तारूढ़ एनडीए 198 सीटों पर आगे चल रही है, जिसमें भाजपा सबसे बड़ी पार्टी है और दोपहर 1:20 बजे तक के चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार 90 सीटें जीत चुकी है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली जेडी(यू) 81 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) 21 सीटों पर आगे चल रही है।

 

Read more
img

ज्योतिरादित्य सिंधिया के नेतृत्व में पूर्वोत्तर क्षेत्र भर रहा विकास की नई उड़ान, ऊर्जा-पर्यटन और कौशल विकास से बदली क्षेत्र की तस्वीर

ज्योतिरादित्य सिंधिया के नेतृत्व में पूर्वोत्तर क्षेत्र भर रहा विकास की नई उड़ान, ऊर्जा-पर्यटन और कौशल विकास से बदली क्षेत्र की तस्वीर

मंगलवार को नई दिल्ली के हैबिटेट सेंटर में जब ज्योतिरादित्य सिंधिया मीडिया से मुखातिब हुए तो अनौपचारिक चर्चा के दौरान उन्होंने बताया कि कैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पूर्वोत्तर में समग्र विकास किया जा रहा है।

भारत का पूर्वोत्तर क्षेत्र– असम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, मिज़ोरम, नागालैंड, त्रिपुरा और सिक्किम न केवल अपनी अद्भुत प्राकृतिक संपदा, जैव विविधता और सांस्कृतिक विविधता के लिए प्रसिद्ध है, बल्कि यह सामरिक दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। लंबे समय तक भौगोलिक दुर्गमता, आधारभूत ढाँचे की कमी और विकास योजनाओं के अभाव के कारण यह क्षेत्र अपेक्षित गति से आगे नहीं बढ़ पाया। किंतु हाल के वर्षों में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के नेतृत्व में उत्तर-पूर्वी क्षेत्र विकास मंत्रालय (DoNER) ने इस क्षेत्र को राष्ट्रीय विकास की मुख्यधारा से जोड़ने और चहुंमुखी प्रगति का मार्ग प्रशस्त करने के लिए ठोस कदम उठाए हैं।

मंगलवार को नई दिल्ली के हैबिटेट सेंटर में जब ज्योतिरादित्य सिंधिया मीडिया से मुखातिब हुए तो अनौपचारिक चर्चा के दौरान उन्होंने बताया कि कैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पूर्वोत्तर में समग्र विकास किया जा रहा है। प्रभासाक्षी के संपादक नीरज कुमार दुबे ने जब केंद्रीय मंत्री सिंधिया से बातचीत की तो कई महत्वपूर्ण तथ्य उभर कर आये जोकि इस प्रकार हैं-

देखा जाये तो पूर्वोत्तर के विकास की सबसे बड़ी चुनौती रहा है कनेक्टिविटी। सड़क, रेल और हवाई संपर्क की कमी ने निवेश और उद्योग को रोके रखा। मगर DoNER ने "नॉर्थ ईस्ट स्पेशल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट स्कीम" (NESIDS) के अंतर्गत सड़कों, पुलों, स्वास्थ्य और शिक्षा के बुनियादी ढाँचे में निवेश बढ़ाया है। साथ ही क्षेत्रीय संपर्क योजना (UDAN) के तहत अब गुवाहाटी, इम्फाल, डिब्रूगढ़, अगरतला जैसे शहरों को देश के अन्य हिस्सों से जोड़ने वाली उड़ानें नियमित हो चुकी हैं। सिंधिया के कार्यकाल में हवाई अड्डों के विस्तार पर विशेष ध्यान दिया गया है, जिससे पूर्वोत्तर पर्यटन और व्यापार का नया केंद्र बन रहा है।

इसके अलावा, पूर्वोत्तर क्षेत्र नदियों, जंगलों और खनिज संसाधनों से संपन्न है। DoNER इन संसाधनों के सतत उपयोग पर बल दे रहा है। जलविद्युत परियोजनाओं को गति दी गई है ताकि न केवल क्षेत्र की बिजली जरूरतें पूरी हों बल्कि अधिशेष बिजली देश के अन्य हिस्सों को भी उपलब्ध कराई जा सके। इसके अलावा, नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों, विशेषकर सौर और बायोमास, पर आधारित योजनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है।

साथ ही DoNER ने हुनर और कौशल विकास कार्यक्रमों के माध्यम से युवाओं को IT, पर्यटन, कृषि-प्रसंस्करण और हस्तशिल्प उद्योगों से जोड़ने का काम किया है। इसके अलावा, क्षेत्रीय हस्तशिल्प और हथकरघा उत्पादों को राष्ट्रीय और वैश्विक बाजार तक पहुँचाने के लिए ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ जैसी पहलें की गई हैं। इसके अतिरिक्त, सांस्कृतिक मेलों और खेल आयोजनों के जरिये पूर्वोत्तर की पहचान को व्यापक मंच पर प्रदर्शित किया जा रहा है।

देखा जाये तो प्राकृतिक सौंदर्य से संपन्न यह क्षेत्र पर्यटन का स्वर्ग बन सकता है। इसलिए DoNER ने इको-टूरिज़्म, साहसिक पर्यटन और धार्मिक पर्यटन की परियोजनाओं को प्रोत्साहित किया है। विदेशी निवेशकों और देश के प्रमुख उद्योग समूहों को आकर्षित करने के लिए नॉर्थ ईस्ट ग्रीडेयशन प्रोग्राम और निवेश सम्मेलन भी आयोजित किए गए हैं।

इसमें कोई दो राय नहीं कि विकास तभी संभव है जब शांति और स्थिरता बनी रहे। DoNER, गृह मंत्रालय के साथ समन्वय कर, क्षेत्रीय अशांति को कम करने और स्थानीय युवाओं को मुख्यधारा के विकास से जोड़ने के प्रयास कर रहा है। इसके अलावा, सीमावर्ती गाँवों में आधारभूत ढाँचा सुधारकर और रोजगार के अवसर बढ़ाकर पलायन की समस्या को रोकने की दिशा में कार्य किया जा रहा है।

बहरहाल, इसमें कोई दो राय नहीं कि केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के नेतृत्व में DoNER ने पूर्वोत्तर क्षेत्र के विकास को नई प्राथमिकता और गति दी है। बेहतर कनेक्टिविटी, ऊर्जा परियोजनाएँ, कौशल विकास, पर्यटन और निवेश, तथा सांस्कृतिक-सामाजिक सशक्तिकरण– इन सबने मिलकर पूर्वोत्तर को भारत की प्रगति की धारा में मजबूती से जोड़ा है। आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र न केवल आत्मनिर्भर बनेगा बल्कि “विकसित भारत 2047” के लक्ष्य में भी निर्णायक योगदान देगा।

Read more
img

पहले पाकिस्तान, अब इजरायल, ट्रंप अपने लंच में ऐसा क्या खिलाते हैं? जो हर कोई उन्हें नोबेल दिलाने लगता है

पहले पाकिस्तान, अब इजरायल, ट्रंप अपने लंच में ऐसा क्या खिलाते हैं? जो हर कोई उन्हें नोबेल दिलाने लगता है

ट्रंप ने अमेरिकी सेना को तीन प्रमुख ईरानी परमाणु स्थलों पर बम गिराने और टॉमहॉक मिसाइल की बौछार करने का आदेश दिया था। नेतन्याहू की व्हाइट हाउस की इस साल तीसरी यात्रा है। दोनों नेताओं ने आशा व्यक्त की कि ईरान में उनकी सफलता पश्चिम एशिया में एक नए युग की शुरुआत करेगी।

बेंजामिन नेतन्याहू ने डोनाल्ड ट्रम्प से कहा कि वह उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नामित करेंगे। दोनों नेताओं ने इजरायल और ईरान के बीच छिड़े वॉर और ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर अमेरिकी अटैक के बाद पहली बार मुलाकात की है ट्रम्प से उम्मीद की जा रही थी कि वह नेतन्याहू पर गाजा में हमास के खिलाफ इजरायल के 21 महीने पुराने युद्ध में संघर्ष विराम के लिए सहमत होने का दबाव डालेंगे, इस हमले की मानवीय लागत पर आक्रोश के बीच जिसमें लगभग 60,000 मौतें हुई हैं, जिनमें से अधिकांश फिलिस्तीनी हैं। नेतन्याहू ने नोबेल समिति को सौंपे जाने वाला नामांकन पत्र ट्रंप को देते हुए कहा हम जब बात कर रहे हैं, तो वह (ट्रंप) एक के बाद एक देश और क्षेत्र में शांति स्थापित कर रहे हैं। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया जब इजराइली नेता नेतन्याहू, ट्रंप और अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपतियों पर ईरान के परमाणु कार्यक्रम के खिलाफ सैन्य कार्रवाई करने का वर्षों से दबाव डालते रहे हैं। ट्रंप ने अमेरिकी सेना को तीन प्रमुख ईरानी परमाणु स्थलों पर बम गिराने और टॉमहॉक मिसाइल की बौछार करने का आदेश दिया था। नेतन्याहू की व्हाइट हाउस की इस साल तीसरी यात्रा है। दोनों नेताओं ने आशा व्यक्त की कि ईरान में उनकी सफलता पश्चिम एशिया में एक नए युग की शुरुआत करेगी।

ट्रंप ने कहा ति मुझे लगता है कि पश्चिम एशिया में चीजें बहुत हद तक सुलझ जाएंगी। उन्होंने कहा कि ईरान उसके परमारणु कार्यक्रम को लेकर वार्ता फिर से शुरू करना चाहता है लेकिन ईरान ने इसकी पुष्टि नहीं की है। ट्रंप के साथ मौजूद पश्चिम एशिया मामलों के लिए अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ ने कहा कि ईरान के साथ बैठक संभवतः एक सप्ताह में होगी। ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने प्रकाशित एक साक्षात्कार में कहा था कि अमेरिकी हवाई हमलों से उनके देश की परमाणु सुविधाओं को इतना अधिक नुकसान पहुंचा है कि ईरानी अधिकारी विनाश की समीक्षा अभी तक कर रहे हैं।

कैबिनेट रूम में हुई इस बंद कमरे की मुलाकात के बाद एक औपचारिक लंच का भी आयोजन किया गया। वहीं पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने न केवल पाकिस्तानी आर्मी चीफ की तारीफ की बल्कि ये तक कह दिया कि उनसे मिलकर मैं सम्मानित महसूस कर रहा हूं। ट्रंप ने कहा कि मैं उन्हें यहां इसलिए बुलाना चाहता था कि मैं युद्ध न करने, संघर्ष खत्म करने के लिए उनका शुक्रिया अदा करना चाहता हूं। यह पहली बार था जब कोई अमेरिकी राष्ट्रपति पाकिस्तान के सेना प्रमुख से लंच मीटिंग कर रहा था। मुनीर ने ट्रंप को पारस्परिक रूप से सुविधाजनक तारीख पर पाकिस्तान आने का निमंत्रण भी दिया। लेकिन इससे भी चौंकाने वाला कदम वो रहा जब पाकिस्तान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर घोषणा की है कि वह 2026 के नोबेल शांति पुरस्कार के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को नामित कर रहा है। 

नोबल की चाहत में ट्रंप का दर्द
नोबेल पुरस्कार न मिलने का दर्द ट्रंप खुलकर सार्वजनिक मंचों पर साझा कर चुके हैं।  ट्रंप ने कहा कि वे कई उपलब्धियों के लिए नोबेल शांति पुरस्कार के हकदार हैं।  ट्रंप ने कहा कि मुझे यह चार या पांच बार मिलना चाहिए था। कांगो और रवांडा में समझौता करवाया लेकिन मुझे नोबल शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा। इसके साथ ही ट्रंप ने कहा कि मैंने भारत और पाकिस्तान युद्ध रुकवाने के लिए भी नोबल पुरस्कार नहीं मिलेगा।  सार्बिया और कोसोवो के बीच युद्ध रुकवाया लेकिन इसके लिए भी मुझे नोबल शांति पुरस्कार नहीं मिलने वाला है। मिस्र और इथोपिया के बीच शांति बनाए रखी। लेकिन मुझे नोबल पुरस्कार फिर भी नहीं दिया जाएगा। मुझे मीडिल ईस्ट में अब्राहम समझौते के लिए भी शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा। ट्रंप ने आखिर में झल्लाते हुए कहा कि मैं कुछ भी कर लूं, लेकिन मुझे नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिलेन वाला है। रूस, यूक्रेन, ईरान-इजरायल के मामले में भी मुझे नोबल शांति पुरस्कार नहीं मिला।  

Read more
img

ग्वालियर वाली पूजा .....की कहानी किसी वेब सीरीज से कम नहीं है

ग्वालियर वाली पूजा .....की कहानी किसी वेब सीरीज से कम नहीं है

यह कहानी है उस बहू की जो अपने पहले पति को गोली मारकर हत्या के आरोप में अक्सर कोर्ट आती-जाती है, वहीं उसे दूसरा प्यार मिलता है. उसी के साथ सात फेरे लेती है और फिर एक दिन उस प्यार की भी मौत हो जाती है. इसके बाद वह अपने शादीशुदा जेठ के साथ  लिव-इन में रहने लगती है और अब 9 बीघा जमीन के लिए सास को मार देती है.

मूल रूप से ग्वालियर की रहने वाली 29 साल की पूजा जाटव को झांसी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. आरोप है कि उसने अपनी सास की गला घोंटकर हत्या कर दी. लेकिन अगर पूजा की पूरी कहानी पढ़ेंगे तो चौंकना तय है. यह कहानी है उस बहू की है, जो अपने पहले पति को गोली मारकर हत्या के आरोप में अक्सर कोर्ट आती-जाती है, वहीं उसे दूसरा प्यार मिलता है. उसी के साथ सात फेरे लेती है और फिर एक दिन उस प्यार की भी मौत हो जाती है. इसके बाद वह अपने शादीशुदा जेठ के साथ  लिव-इन में रहने लगती है और अब 9 बीघा जमीन के लिए सास को मार देती है

करीब 5 साल पहले पूजा की शादी हुई थी. रिश्ता बहुत ज्यादा चला नहीं. एक दिन ऐसा झगड़ा हुआ कि उसके पति को गोली मार दी. पति की मौके पर मौत हो गई.  मामला कोर्ट पहुंचा. कोर्ट की तारीखों पर पूजा आने जाने लगी. वहीं उसकी मुलाकात हुई कल्याण नाम के युवक से. पहले बातें, फिर मुलाकातें, और धीरे-धीरे दोनों में प्यार हो गया. शादी भी हो गई. लेकिन कुछ महीनों बाद ही कल्याण की सड़क हादसे में मौत हो गई. एक बार फिर पूजा विधवा हो गई.

अब कहानी में एंट्री होती है कल्याण के भाई संतोष की. संतोष शादीशुदा था, लेकिन पूजा ने उसी के साथ लिव-इन रिलेशनशिप शुरू कर दिया. धीरे-धीरे वह संतोष के घर में रहने लगी. वहां संतोष की पत्नी से झगड़े शुरू हो गए. पूजा ने संतोष और उसके पिता से मांग रखी कि 18 बीघा जमीन में से कल्याण का हिस्सा 9 बीघा मुझे चाहिए. पिता और संतोष मान गए. लेकिन सास सुशीला इसके खिलाफ खड़ी हो गई. अब पूजा समझ चुकी थी कि  कल्याण नहीं रहा, संतोष मेरे साथ है, तो जमीन मेरी होनी ही चाहिए. इसके लिए उसने अपनी सास को मारने का प्लान बनाया.


बहन, बॉयफ्रेंड और हत्या का प्लान


पूजा ने अपनी छोटी बहन कामिनी और उसके बॉयफ्रेंड अनिल को इस साजिश में शामिल किया. 24 जून को झांसी के टहरौली थाना क्षेत्र में सुशीला देवी अपने घर में मृत अवस्था में मिलीं. इस घटना को देख ऐसा प्रतीत हुआ कि किसी अज्ञात गिरोह ने डकैती के दौरान हत्या कर दी. लेकिन मामले ने उस वक्त नया मोड़ लिया जब अंतिम संस्कार के बाद बहू पूजा जाटव अचानक लापता हो गई. उसके गायब होने और परिजनों से संपत्ति विवाद की बात पता चलते ही पुलिस सचेत हो गई.पुलिस ने मोबाइल लोकेशन, कॉल रिकॉर्ड, सीसीटीवी फुटेज और पूछताछ के जरिए पाया कि इस हत्याकांड की असली मास्टरमाइंड पूजा जाटव ही है.


पहले दिया इंजेक्शन फिर घोंटा गला


पुलिस के अनुसार, पूजा ने इस काम के लिए अपनी बहन कामिनी और उसके प्रेमी अनिल वर्मा को शामिल किया. साजिश के तहत दोनों 24 जून की शाम झांसी पहुंचे. घर के लोगों के बाहर जाने का इंतजार किया.इसके बाद मौका देखकर घर के अंदर घुस गए. उन दोनों ने सुशीला देवी को पहले जहर का इंजेक्शन दिया, फिर गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी गई. हत्या के बाद घर से करीब 8 लाख रुपए के आभूषण भी चोरी कर लिए गए, ताकि इस घटना को डकैती जैसा दिखाया जा सके. लेकिन पूजा का अंतिम संस्कार के बाद गायब हो जाना, उसके बयानों में विरोधाभास और मोबाइल डेटा ने उसे संदेह के घेरे में ला दिया. पूछताछ में जब पुलिस ने कड़ाई की तो पूजा टूट गई और पूरी साजिश का खुलासा कर दिया.


www.aajtak.in

 

Read more
img

कहां से 3 भारतीयों को उठा ले गए आतंकी, गुस्से में आए मोदी ने तुंरत उठा लिया बड़ा कदम

कहां से 3 भारतीयों को उठा ले गए आतंकी, गुस्से में आए मोदी ने तुंरत उठा लिया बड़ा कदम

माली में 2017 के बाद से लगातार आतंकी हमले होते रहे हैं। हालिया आतंकी हमला बहुत घातक बताया जा रहा है। बताया जा रहा है कि तीनों भारतीय वहां सीमेंट फैक्ट्री में काम करते थे। इसी दौरान आतंकियों ने सीमेंट्र फैक्ट्री को निशाना बनाया। वहां घुसे और ताबड़तोड़ तरीके से फायरिंग की और फिर तीन भारतीयों को अगवा कर लिया।

पश्चिमी अफ्रीकी देश माली से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। जहां सिलसिलेवार आतंकी हमले हुए और भारत के लिए बुरी खबर ये है कि तीन भारतीयों को इन आतंकी हमले में अगवा कर लिया गया है। जैसे ही ये खबर सामने आई भारत सरकार में हड़कंप मच गया। मोदी सरकार ने तुरंत माली की सरकार से संपर्क किया। विदेश मंत्रालय ने पूरे मामले की जांच पड़ताल की और तीनों भारतीय की सुरक्षा को लेकर माली की सरकार से अपील की है कि उन्हें जल्द सुरक्षित बचाया जा सके। बता दें कि माली में 2017 के बाद से लगातार आतंकी हमले होते रहे हैं। हालिया आतंकी हमला बहुत घातक बताया जा रहा है। बताया जा रहा है कि तीनों भारतीय वहां सीमेंट फैक्ट्री में काम करते थे। इसी दौरान आतंकियों ने सीमेंट्र फैक्ट्री को निशाना बनाया। वहां घुसे और ताबड़तोड़ तरीके से फायरिंग की और फिर तीन भारतीयों को अगवा कर लिया। 

अपहरण की जिम्मेदारी किसी संगठन या व्यक्ति ने नहीं ली है। अल-कायदा से संबद्ध जमात नुसरत अल-इस्लाम वल-मुस्लिमीन (जेएनआईएम) ने मंगलवार को माली में हुए समन्वित हमलों की जिम्मेदारी ली है। लेकिन तीनों अगवा किए गए भारतीयों को कहां ले जाया गया। य़ा फिर उनके साथ क्या व्यवहार किया जा रहा है। क्या उनके हालात हैं। उसको लेकर फिलहाल तो कोई जानकारी सामने नहीं आई है। लेकिन जिस तरह से मोदी सरकार ने कदम उठाया है। उससे ये कहा जा रहा है कि जल्द ही इन तीनों भारतीयों को बचाने का एक बड़ा मिशन शुरू किय जाएगा। आतंक के खिलाफ एक बड़ा ऑपरेश यहां पर भी शुरू हो सकता है। 

भारत ने पश्चिमी अफ्रीकी देश माली के विभिन्न हिस्सों में सिलसिलेवार आतंकवादी हमलों के बीच तीन भारतीय नागरिकों का अपहरण होने पर गहरी चिंता व्यक्त की। भारतीयों के अपहरण के एक दिन बाद, भारत ने माली सरकार से उनकी सुरक्षित और शीघ्र रिहाई सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने को कहा। विदेश मंत्रालय (एमईए) ने कायेस स्थित डायमंड सीमेंट फैक्टरी में कार्यरत भारतीयों के अपहरण के संबंध में गहरी चिंता व्यक्त की। विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह घटना एक जुलाई को हुई, जब सशस्त्र हमलावरों के एक समूह ने फैक्टरी परिसर में समन्वित हमला किया और तीन भारतीय नागरिकों को जबरन बंधक बना लिया। 

 

Read more
Advertisement
देश
img

अरुणाचल प्रदेश की युवतियों पर नस्लीय टिप्पणी करने वाली महिला गिरफ्तार, पति ने कहा- 'मुझे शर्मिंदगी है'

अरुणाचल प्रदेश की युवतियों पर नस्लीय टिप्पणी करने वाली महिला गिरफ्तार, पति ने कहा- 'मुझे शर्मिंदगी है'
img

NEET के दबाव में बेटे ने पिता को उतारा मौत के घाट, सगी औलाद ने बाप को आरी से काट-काट कर ड्रम में डाला

NEET के दबाव में बेटे ने पिता को उतारा मौत के घाट, सगी औलाद ने बाप को आरी से काट-काट कर ड्रम में डाला
img

Global South में India का बढ़ा कद, Delhi AI Summit के बाद Cuba ने भी माना लोहा

Global South में India का बढ़ा कद, Delhi AI Summit के बाद Cuba ने भी माना लोहा
img
ग्वालियर में प्रदेश स्तरी...
ग्वालियर में प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन: विकास और परंपरा का संगम
img
Chinese Robot Dog पर घिरी सरकार, Rahul Gandhi ...
Chinese Robot Dog पर घिरी सरकार, Rahul Gandhi ने बताया PR तमाशा
img
बंगाल चुनाव में ममता बनर्ज...
बंगाल चुनाव में ममता बनर्जी की बढेगी चुनौती! निलंबित TMC नेता हुमायूं कबीर ने नई पार्टी का किया ऐलान
Top News
img

अरुणाचल प्रदेश की युवतियों पर नस्लीय टिप्पणी करने वाली महिला गिरफ्तार, पति ने कहा- 'मुझे शर्मिंदगी है'

अरुणाचल प्रदेश की युवतियों पर नस्लीय टिप्पणी करने वाली महिला गिरफ्तार, पति ने कहा- 'मुझे शर्मिंदगी है'
img

NEET के दबाव में बेटे ने पिता को उतारा मौत के घाट, सगी औलाद ने बाप को आरी से काट-काट कर ड्रम में डाला

NEET के दबाव में बेटे ने पिता को उतारा मौत के घाट, सगी औलाद ने बाप को आरी से काट-काट कर ड्रम में डाला
img

Global South में India का बढ़ा कद, Delhi AI Summit के बाद Cuba ने भी माना लोहा

Global South में India का बढ़ा कद, Delhi AI Summit के बाद Cuba ने भी माना लोहा
img

ग्वालियर में प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन: विकास और परंपरा का संगम

ग्वालियर में प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन: विकास और परंपरा का संगम
img

Chinese Robot Dog पर घिरी सरकार, Rahul Gandhi ने बताया PR तमाशा

Chinese Robot Dog पर घिरी सरकार, Rahul Gandhi ने बताया PR तमाशा
img

20 मिलियन डॉलर का निवेश! भारत-न्यूजीलैंड के बीच FTA का ऐलान

20 मिलियन डॉलर का निवेश! भारत-न्यूजीलैंड के बीच FTA का ऐलान
img

Nepal Gen Z protest: काठमांडू की सड़क पर भागते रहे नेपाल के वित्त मंत्री, बरसते रहे लात-घूंसे, Video वायरल

Nepal Gen Z protest: काठमांडू की सड़क पर भागते रहे नेपाल के वित्त मंत्री, बरसते रहे लात-घूंसे, Video वायरल
img

ओली का इस्तीफा स्वीकार, कौन हैं रैपर से नेता बने बालेंद्र शाह, जिसे सत्ता सौंपने की मांग कर रहे नेपाल के Gen Z आंदोलनकारी

ओली का इस्तीफा स्वीकार, कौन हैं रैपर से नेता बने बालेंद्र शाह, जिसे सत्ता सौंपने की मांग कर रहे नेपाल के Gen Z आंदोलनकारी
img

1 घंटे कैसे खिंच गया 15 मिनट का सफर, मोदी-पुतिन की कार में सीक्रेट टॉक से उठ गया पर्दा, ट्रंप से क्या है कनेक्शन?

1 घंटे कैसे खिंच गया 15 मिनट का सफर, मोदी-पुतिन की कार में सीक्रेट टॉक से उठ गया पर्दा, ट्रंप से क्या है कनेक्शन?
img

Vanakkam Poorvottar: PM की Manipur यात्रा से पहले आई बड़ी खबर, सरकार और Kuki-Zo Groups के बीच हुआ समझौता, राज्य में अब लौटेगी शांति

Vanakkam Poorvottar: PM की Manipur यात्रा से पहले आई बड़ी खबर, सरकार और Kuki-Zo Groups के बीच हुआ समझौता, राज्य में अब लौटेगी शांति
img

Pakistan के खिलाफ विस्फोटक पारी का इनाम, Ishan Kishan की ICC T20 Ranking के Top 10 में धांसू एंट्री

Pakistan के खिलाफ विस्फोटक पारी का इनाम, Ishan Kishan की ICC T20 Ranking के Top 10 में धांसू एंट्री
img

रोहित शर्मा ने मोहम्द सिराज को दी हीरे की अंगूठी, BCCI ने शेयर किया वीडियो

रोहित शर्मा ने मोहम्द सिराज को दी हीरे की अंगूठी, BCCI ने शेयर किया वीडियो
img

PBKS vs LSG Highlights: पंजाब किंग्स ने धर्मशाला में उड़ाया गर्दा, लखनऊ सुपर जायंट्स को 37 रनों से रौंदा

PBKS vs LSG Highlights: पंजाब किंग्स ने धर्मशाला में उड़ाया गर्दा, लखनऊ सुपर जायंट्स को 37 रनों से रौंदा
img

DC vs RCB Highlights: आरसीबी ने फतह किया दिल्ली का किला, Delhi Capitals से चुकाया हिसाब

DC vs RCB Highlights: आरसीबी ने फतह किया दिल्ली का किला, Delhi Capitals से चुकाया हिसाब
img

रोमांचक मैच में लखनऊ सुपर जायंट्स ने राजस्थान रॉयल्स को 2 रन से हराया, आखिरी ओवर में आवेश खान की बेहतरीन गेंदबाजी

रोमांचक मैच में लखनऊ सुपर जायंट्स ने राजस्थान रॉयल्स को 2 रन से हराया, आखिरी ओवर में आवेश खान की बेहतरीन गेंदबाजी